Paramparik Gyan (पारंपरिक ज्ञान)

28 नक्षत्रों के नाम-

  1. कृत्तिका
  2. रोहिणी
  3. मृगशीर्षा
  4. आर्द्रा
  5. पुनर्वसू
  6. पुष्य
  7. आश्लेषा
  8. मघा
  9. पूर्वाफाल्गुनी
  10. उत्तराफाल्गुनी
  11. हस्त
  12. चित्रा
  13. स्वाति
  14. विशाखा
  15. अनुराधा
  16. ज्येष्ठा
  17. मूल
  18. पूर्वाषाढ़ा
  19. उत्तराषाढ़ा
  20. अभिजित
  21. श्रवण
  22. घनिष्ठा
  23. शतभिषक
  24. पूर्वाभाद्रपदा
  25. उत्तराभाद्रपदा
  26. रेवती
  27. अश्विनी
  28. भरिणी

ऋग्वेद की नदीस्तुति के अनुसार वे सात नदियाँ थीं (साभार- Wikipedia)

  1. सिन्धु
  2. सरस्वती
  3. वितस्ता (झेलम)
  4. शुतुद्रि (सतलुज)
  5. विपाशा (व्यास)
  6. परुषिणी (रावी)
  7. अस्किनी (चेनाब)

चार मुख्य सम्प्रदाय हैं (साभार- Wikipedia) –

  1. वैष्णव (जो विष्णु को परमेश्वर मानते हैं)
  2. शैव (जो शिव को परमेश्वर मानते हैं)
  3. शाक्त (जो देवी को परमशक्ति मानते हैं)
  4. स्मार्त (जो परमेश्वर के विभिन्न रूपों को एक ही समान मानते हैं)

पांच प्रमुख देवता

  1. सूर्य – स्वास्थ्य, प्रतिष्ठा व सफलता
  2. विष्णु – शांति व वैभव
  3. शिव – ज्ञान व विद्या
  4. शक्ति – शक्ति व सुरक्षा
  5. गणेश – बुद्धि व विवेक

भारत के चार धाम-

  1. बद्रीनाथ
  2. द्वारका
  3. जगन्नाथ पुरी
  4. रामेश्वरम

छोटा चारधाम (उत्तराखण्ड राज्य में उत्तरकाशी जिले में स्थित) –

  1. बद्रीनाथ
  2. केदारनाथ
  3. गंगोत्री
  4. यमुनोत्री

चार प्रमुख वर्ण (यह व्यवस्था कर्म प्रधान थी न की जाति प्रधान- जैसा कर्म वैसा वर्ण)

  1. ब्राह्मण
  2. क्षत्रिय
  3. वैश्य
  4. शूद्र

 भगवान विष्णु के १० अवतार-

  1. मत्स्य
  2. कूर्म
  3. वराह
  4. वामन
  5. नरसिंह
  6. परशुराम
  7. राम
  8. कृष्ण
  9. बुद्ध
  10. कल्कि